हिमाचल प्रदेश सरकार निर्माण श्रमिकों के सामाजिक और आर्थिक उत्थान के लिए लगातार बड़े कदम उठा रही है। ग्राम पंचायत चमयाना के सामुदायिक भवन में आयोजित एक दिवसीय शिविर के दौरान ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज मंत्री अनिरुद्ध सिंह ने खुलासा किया कि राज्य सरकार के मौजूदा कार्यकाल में अब तक 51 हजार श्रमिकों पर 115 करोड़ रुपये की राशि खर्च की जा चुकी है, जिसमें कसुम्पटी विधानसभा क्षेत्र के 1,047 पंजीकृत कामगार भी शामिल हैं। हिमाचल प्रदेश भवन एवं अन्य सन्निर्माण कामगार कल्याण बोर्ड के अध्यक्ष नरदेव सिंह कंवर की विशेष उपस्थिति में आयोजित इस कार्यक्रम में मजदूरों के कल्याण से जुड़ी कई योजनाओं पर चर्चा हुई।
मंत्री अनिरुद्ध सिंह ने कसुम्पटी क्षेत्र के पंचायत प्रतिनिधियों से अपील की कि वे आगे आएं और हर पात्र गरीब परिवार का पंजीकरण बोर्ड में करवाएं ताकि सरकारी योजनाओं का पूरा लाभ उन तक पहुंच सके। उन्होंने क्षेत्र के विकास को अपनी प्राथमिकता बताते हुए जानकारी दी कि कसुम्पटी में कनेक्टिविटी बढ़ाने के लिए 9 नई सड़कों को प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना (PMGSY) के तहत शामिल किया गया है। वहीं, कार्यक्रम के दौरान बोर्ड के अध्यक्ष नरदेव सिंह कंवर ने बताया कि कसुम्पटी क्षेत्र के पंजीकृत श्रमिकों के बच्चों की शिक्षा और विवाह के लिए अब तक लगभग 29.76 लाख रुपये की सहायता दी जा चुकी है। साथ ही, मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू के निर्देशों के तहत बोर्ड के कर्मचारियों को दीपावली पर 10,000 रुपये का विशेष बोनस देने की भी घोषणा की गई। कार्यक्रम के अंत में मुख्य अतिथि ने शिमला वृत्त की 9 महिला लाभार्थियों को इंडक्शन चूल्हे भी वितरित किए।
Governor Kavinder Gupta lights up Diwali for special children at Dhalli


