जाइका वानिकी परियोजना से जुड़े स्वयं सहायता समूहों के सदस्यों के लिए मंडी के टाउन हॉल में फॉसटैक (फूड सेफ्टी ट्रेनिंग एंड सर्टिफिकेट) पर आधारित एक दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस दौरान वन मंडल सुकेत, नाचन, मंडी और जोगिंद्रनगर क्षेत्र के विभिन्न स्वयं सहायता समूहों के 41 प्रतिनिधियों को उत्पादों की गुणवत्ता, स्वच्छता और खाद्य सुरक्षा से जुड़ी अहम जानकारी प्रदान की गई।
आईआईईएसटी फेडरेशन दिल्ली के प्रतिनिधियों ने एफएसएसएआई के दिशा-निर्देशों के तहत प्रशिक्षण दिया। फेडरेशन की ट्रेनर अदिति कुलश्रेष्ठ और एरिया को-ऑर्डिनेटर मोहर सिंह ने स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं को खाद्य सुरक्षा अधिनियम 2006 के विभिन्न प्रावधानों और सुरक्षित एवं गुणवत्तापूर्ण खाद्य उत्पाद तैयार करने की प्रक्रिया से अवगत कराया।
कार्यक्रम में सेवानिवृत्त हिमाचल प्रदेश वन सेवा अधिकारी वेद प्रकाश पठानिया, पीएमयू शिमला से एसएमएस प्रीतिश डफरैक, एसएमएस मंडी जितेन शर्मा, एसएमएस जोगिंद्रनगर विजय सहित विभिन्न एफटीयू को-ऑर्डिनेटर और परियोजना से जुड़े अन्य प्रतिनिधियों ने भाग लिया।



