April 10, 2026

शिमला में सड़क सुरक्षा अभियान के तहत 80% दुर्घटनाओं में आई कमी

Date:

Share post:

सड़क सुरक्षा माह का समापन एवं सम्मान समारोह का आयोजन गेयटी सभागार में शुक्रवार को किया गया जिसमें अतिरिक्त मुख्य सचिव राजस्व एवं गृह विभाग ओंकार शर्मा ने बतौर मुख्यातिथि शिरकत की। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यातिथि ने कहा कि सड़क दुर्घटनाओं के दौरान बचाव कार्यों में आम जन को अग्रणी भूमिका निभानी चाहिए। इस तरह के पुनीत कार्य समाज के लिए प्रेरणादायक होते है। उन्होंने कहा कि दुर्घटनाओं के समय वीडियो बनाने या फोटो खींचने से परहेज करना चाहिए और घायल की मदद करनी चाहिए।

उन्होंने कहा कि दुर्घटना में घायलों की मदद करना पुनीत कार्य है और घायल व्यक्ति की गोल्डन आवर्स में की गई मदद उसकी जान बचा सकती है। ओंकार शर्मा ने कहा कि इस जागरूकता अभियान में बच्चों ने जिस तरह नारा लेखन, चित्रकला प्रतियोगिता और निबंध लेखन में अपनी प्रतिभा दिखाई है, वह सभी के लिए प्रेरणादायक है। आज की युवा पीढ़ी ओवर स्पीड, स्टंट, नशे में वाहन चलाने आदि में काफी आगे है जिससे बचने के लिए उन्हें जागरूक करना हम सबका दायित्व है। हमें ट्रैफिक नियमों का पालन सख्ती से करना चाहिए।

उन्होंने कहा कि विदेशों में लोग नियमों का पालन स्वयं करते है, लेकिन हम लोग नियमों का उल्लंघन करने में अपनी शान समझते है। उन्होंने कहा कि प्रदेश के आपदा प्रबंधन को मजबूत करने की दिशा में प्रदेश सरकार प्रयासरत है। हर जिले में अत्याधुनिक उपकरण वितरित किए गए हैं ताकि आपदा के दौरान रेस्क्यू कार्यों को अंजाम देने में तत्परता रहे। उन्होंने कहा कि समाज में नशे के प्रति जागरूकता कार्यक्रमों का आयोजन किया जा रहा है। आम जनता को प्रशासन और पुलिस का सहयोग करते हुए अभियान को आगे बढ़ाना चाहिए।

उपायुक्त शिमला अनुपम कश्यप ने स्वागत भाषण के दौरान बताया कि जनवरी 2025 को सड़क सुरक्षा माह के रूप में मनाया गया। इस दौरान कई कार्यक्रमों का आयोजन किया गया जिनमें रक्तदान शिविर, आंख जांच शिविर, पत्रक वितरण, जागरूकता शिविर आदि शामिल रहे। इसके साथ चित्रकला, नारा लेखन और निबंध लेखन प्रतियोगिताओं का आयोजन ऑनलाइन किया गया जिसमें 498 प्रतिभागियों ने भाग लिया। इसमें जूनियर और सीनियर श्रेणी में प्रथम, द्वितीय और तृतीय स्थान हासिल करने वाले को नकद पुरस्कार और प्रशस्ति पत्र दिए गए।

पुलिस अधीक्षक संजीव कुमार गांधी ने ट्रैफिक नियमों के उल्लंघन के ट्रेंड पर विस्तृत जानकारी। उन्होंने कहा सेब सीजन में ट्रैफिक व्यवस्था में बदलाव किया गया। इस वजह से वर्ष 2023 और 2024 में 80 फीसदी सड़क दुर्घटनाएं कम हुई है। उन्होंने कहा कि ट्रैफिक व्यवस्था बनाने के लिए आम जनता को ट्रैफिक कर्मियों का सहयोग देना चाहिए।  

इन्होने किये अपने विचार साझा
कार्यक्रम में हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय के सामाजिक कार्य विभाग की विभागाध्यक्ष डॉ अनुपमा भारती ने ट्रैफिक नियमों व जागरूकता अभियान पर किए सर्वेक्षण पर जानकारी साझा की। वहीं कार्यक्रम में सहायक जिला अटॉर्नी शिवानी चौहान, कांस्टेबल राकेश कुमार और महिला आरक्षी निकिता वर्मा ने सामाजिक अनुभवों को साझा किया।

यह भी रहे उपस्थित
इस मौके पर अतिरिक्त उपायुक्त शिमला अभिषेक वर्मा, नगर निगम आयुक्त भूपेंद्र अत्री, अतिरिक्त जिला दण्डाधिकारी प्रोटोकॉल ज्योति राणा, एसडीएम शिमला शहरी भानु गुप्ता, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक नवदीप सिंह, डीएसपी ट्रैफिक संदीप शर्मा सहित कई गणमान्य मौजूद रहे।

इन्हें किया गया सम्मानित
कार्यक्रम सड़क सुरक्षा माह के तहत बेहतरीन कार्य करने पर डीएसपी रामपुर नरेश शर्मा, एसडीपीओ ठियोग सिद्धार्थ शर्मा, मेडिकल ऑफिसर इंचार्ज डा0 सुरभी ठाकुर, हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय के सामाजिक कार्य विभाग की एचओडी डा0 अनुपमा भारती, सेवानिवृत उप निदेशक परिवहन विभाग ओंकार सिंह बोधपॉल, एएसआई धर्मेंद्र, एएसआई परमजीत, लेडी कांस्टेबल सुनीता, लेडी कांस्टेबल मधु, लेडी कांस्टेबल स्मृति, कांस्टेबल महेश, कांस्टेबल दीपक, कांस्टेबल अक्षय और गृह रक्षक भूपेंद्र को सम्मानित किया गया।

इसी प्रकार ऑनलाइन आयोजित चित्रकला प्रतियोगिता में जूनियर वर्ग में पहला पुरस्कार निहारिका वर्मा, दूसरा पुरस्कार कार्तव्या वर्मा, तीसरा पुरस्कार अविक्शा शर्मा तथा सांत्वना पुरस्कार कनिष्ठा गोयल को दिया गया तथा सीनियर वर्ग में पहला पुरस्कार कृतिका शर्मा, दूसरा पुरस्कार मेघा, तीसरा पुरस्कार दिव्या तथा सांत्वना पुरस्कार रिशव को दिया गया। निबंध प्रतियोगिता में जूनियर वर्ग में पहला पुरस्कार आर्या शर्मा, दूसरा पुरस्कार कनिष्ठा गोयल, तीसरा पुरस्कार तनिष्का ठाकुर तथा सांत्वना पुरस्कार आरोही मेहता को दिया गया तथा सीनियर वर्ग में पहला पुरस्कार निपुण वर्मा, दूसरा पुरस्कार मनत ठाकुर, तीसरा पुरस्कार खुशी ठाकुर तथा सांत्वना पुरस्कार उपासन ठाकुर को दिया गया। 

नारा लेखन प्रतियोगिता में जूनियर वर्ग में पहला पुरस्कार सानवी, दूसरा पुरस्कार दिव्या, तीसरा पुरस्कार विराज ठाकुर तथा सांत्वना पुरस्कार सुनाक्षी वर्मा को दिया गया तथा सीनियर वर्ग में पहला पुरस्कार रक्षा शर्मा, दूसरा पुरस्कार साहिल, तीसरा पुरस्कार अर्नव तथा सांत्वना पुरस्कार पलक को दिया गया। ऑनलाइन आयोजित प्रतियोगिताओं के विजेताओं को पहला, दूसरा और तीसरा स्थान प्राप्त करने पर क्रमशः 5000, 3000 और 2000 रुपए के नकद पुरस्कार तथा सांत्वना पुरस्कार के रूप में 1000 रुपए उनके बैंक खातों में हस्तांतरित किए गए हैं।  

शिमला में सड़क सुरक्षा अभियान के तहत 80% दुर्घटनाओं में आई कमी

Daily News Bulletin

Nurturing Creativity – Keekli Charitable Trust, Shimla

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Related articles

This Day In History

1865 End of the American Civil War: General Robert E. Lee surrendered to Ulysses S. Grant at Appomattox Court...

Heat-Sensitive Nanomaterials for Electronics

Researchers have achieved a major breakthrough in guiding small organic molecules to form advanced, functional nanomaterials, opening pathways...

Holistic Learning through Indian Knowledge Systems

The Department of Higher Education organized an interactive session on Indian Knowledge Systems (IKS) as part of Mission...

Ayush Ministry Highlights Eco-Friendly Healthcare

The Ministry of Ayush will celebrate World Homoeopathy Day 2026 on April 10 at Vigyan Bhawan, Delhi, with...