मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने शिमला के नजदीक स्थित बालिका आश्रम में दीपावली का पर्व धूमधाम से मनाया। इस मौके पर उन्होंने आश्रम की बालिकाओं को दीपावली की शुभकामनाएं दीं और उनके उज्जवल भविष्य की कामना करते हुए उन्हें मिठाई और उपहार वितरित किए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार ने अनाथ बच्चों की शिक्षा और देखभाल के लिए मुख्यमंत्री सुखाश्रय योजना शुरू की है, जिसके तहत इन बच्चों के पढ़ाई और अन्य खर्चों को सरकार अभिभावक की तरह पूरा कर रही है। इस योजना का उद्देश्य बच्चों को आत्मनिर्भर बनाना और उन्हें समाज का पूर्ण सदस्य बनाना है।
उन्होंने यह भी बताया कि 12वीं कक्षा की पढ़ाई पूरी करने के बाद, इन बच्चों के उच्च शिक्षा और व्यावसायिक शिक्षा का पूरा खर्च सरकार उठाएगी। इसके अलावा, बच्चों को 4,000 रुपये का मासिक भत्ता भी दिया जाएगा। मुख्यमंत्री ने यह भी बताया कि राज्य सरकार ने इन बच्चों के विवाह के लिए 2 लाख रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान करने का प्रावधान किया है और जिनके पास जमीन है लेकिन मकान नहीं है, उन्हें तीन लाख रुपये की मदद भी दी जाएगी।
इस अवसर पर बालिकाओं ने रंगारंग सांस्कृतिक प्रस्तुतियां भी दीं, जिसे मुख्यमंत्री ने सराहा। मुख्यमंत्री ने बाद में शिमला के मशोबरा स्थित नारी सेवा सदन का दौरा किया और वहां रह रही महिलाओं को भी मिठाइयाँ और उपहार बांटे।
इस कार्यक्रम में नगर निगम शिमला के महापौर सुरेंद्र चौहान, मुख्यमंत्री के प्रधान मीडिया सलाहकार नरेश चौहान, महिला एवं बाल विकास विभाग के निदेशक पंकज ललित और उपायुक्त अनुपम कश्यप भी उपस्थित थे।



