सर्वोच्च न्यायालय द्वारा शुरू किए गए “समाधान समारोह (विशेष लोक अदालत) 2026” अभियान के तहत लंबित मामलों के आपसी सहमति से निपटारे की प्रक्रिया तेज कर दी गई है। इस अभियान का समापन 23 अगस्त 2026 को सर्वोच्च न्यायालय परिसर में आयोजित विशेष लोक अदालत के साथ होगा।
यह पहल 21 अप्रैल 2026 से शुरू की गई थी, जिसका उद्देश्य न्याय प्रक्रिया को सरल, सुलभ और आमजन के करीब लाना है। अभियान के तहत सर्वोच्च न्यायालय में लंबित मामलों को संवाद, सुलह और पारस्परिक सहमति के माध्यम से हल करने पर विशेष बल दिया जा रहा है।
इस दिशा में राज्य, जिला, तालुका, उच्च न्यायालयों, विधिक सेवा प्राधिकरणों और मध्यस्थता केंद्रों में पूर्व-सुलह बैठकों का आयोजन किया जा रहा है। इन बैठकों में अधिवक्ताओं, वादकारियों और अन्य संबंधित पक्षों की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित की जा रही है, ताकि विवादों का समाधान आपसी समझ के आधार पर किया जा सके। पक्षकार इन बैठकों में व्यक्तिगत रूप से या वर्चुअल माध्यम से भी शामिल हो सकते हैं।
विशेष लोक अदालत में अपने मामलों को शामिल कराने के लिए सर्वोच्च न्यायालय ने एक सरल गूगल फॉर्म भी उपलब्ध कराया है। इच्छुक पक्ष सर्वोच्च न्यायालय की आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर आवेदन कर सकते हैं। फॉर्म भरने की अंतिम तिथि 31 मई 2026 निर्धारित की गई है।
अभियान से संबंधित सहायता और जानकारी के लिए सर्वोच्च न्यायालय परिसर में वन स्टॉप सेंटर (वार रूम) स्थापित किया गया है। संबंधित अधिकारी फोन और ईमेल के माध्यम से भी लोगों की सहायता कर रहे हैं।



