March 14, 2026

भारत को मिली प्रथम एशियन मास्टर्स मैराथन 2022 की मेजबानी

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भारत 2022 के एशियन मास्टर्स मैराथन की मेजबानी करेगा. इसका फैसला हाल ही में संपन्न एशिया मास्टर्स एथलेटिक्स (AMA) की बोर्ड बैठक में लिया गया। एशिया मास्टर्स एथलेटिक्स के सचिव शिवप्रगसम ने कुआलालम्पुर (मलेशिया) से आधिकारिक पुष्टि करते हुए बताया, यह अत्यंत हर्ष का विषय है कि AMA के सभी प्रतिनिधियों ने एक स्वर से भारत को इस चैंपियनशिप का आयोजन दिए जाने का समर्थन किया।  भारत पूर्व में भी 1986, 2000 और 2006 में एशियाई चैंपियनशिप का सफल आयोजन कर चुका है। मास्टर्स एथलेटिक्स फेडरेशन ऑफ़ इंडिया (MAFI) के सेक्रेटरी जनरल डी. प्रेमनाथ ने मेजबानी मिलने पर खुशी जताते हुए कहा कि यह भारतीय खेलों के लिए बहुत बड़ी उपलब्धि है। एशियन मास्टर्स मैराथन जो कि 2022 में इस तरह का पहला सबसे बड़ा आयोजन होगा, इसे नवंबर 2022 में आयोजित किया जा सकता है।
प्रतियोगिता में एशिया के 40 से अधिक देश आधिकारिक तौर पर पूर्ण मैराथन (42.195 किमी), हाफ मैराथन (21.097 किमी) और 10 किमी दूरी की प्रतियोगिताओं में भाग लेंगे। चैंपियनशिप के लिए एशियाई और गैर-एशियाई देशों के 35 वर्ष से अधिक आयु के मास्टर्स एथलीटों के लिए रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया शीघ्र ही आरम्भ की जायेगी।
इस अवसर पर मास्टर्स एथलेटिक्स हिमाचल प्रदेश के प्रधान व अंतर्राष्ट्रीय एथलीट रिपुदमन कौशिक ने कहा, “एशियन मास्टर्स मैराथन का आयोजन होना भारत के लिए वास्तव में सम्मान की बात है। हमारे देश को मास्टर्स एथलेटिक्स में एशिया में सर्वोच्च स्थान प्राप्त करने का गर्व हासिल है। हम आशा करते हैं भारतीय एथलीट इस प्रतियोगिता में भी भारत का मान बढ़ायेंगे, शीघ्र ही हिमाचल प्रदेश में इस प्रतियोगिता के संभावितों के चयन के लिए एक कमिटी का गठन किया जाएगा।’
मास्टर्स एथलेटिक्स हिमाचल प्रदेश के सचिव व एशियाई स्वर्ण पदक विजेता भीष्म चौहान ने बताया की यह अनूठी सड़क दौड़ हमारे धावकों को एशिया और गैर-एशियाई देशों के सर्वश्रेष्ठ धावकों के खिलाफ प्रतिस्पर्धा करने में सक्षम बनाएगी।
प्रतियोगिता को अंतर्राष्ट्रीय मानकों के अनुसार फुल मैराथन, हाफ मैराथन और 10 किमी दौड़ के वर्ग में उच्चतम तकनीकी उपकरणों के साथ करवाया जाएगा।  प्रतियोगिता 2022 की अंतिम तिमाही में आयोजित होने वाली है। धावकों को प्रशिक्षित और पंजीकृत करने के लिए अधिक विवरण शीघ्र ही प्रकाशित किया जाएगा। इस पर टिप्पणी करते हुए, मास्टर्स एथलेटिक्स फेडरेशन ऑफ़ इंडिया (MAFI)  के प्रधान डॉ. धर्मवीर ढिल्लन ने कहा, “रोड-रनिंग दुनिया में सबसे तेजी से बढ़ने वाला खेल है। पिछले चार दशकों में, भारत ने मास्टर्स एथलेटिक्स प्रतियोगिताएं में सराहनीय प्रदर्शन किया है मैं आशा करता हूँ की इस बार भी भारत अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करेगा।”
मास्टर्स एथलेटिक्स फेडरेशन ऑफ इंडिया – हिमाचल प्रदेश, एकमात्र फेडरेशन है जो की पंजीकृत है व 35+ से 100+ वर्ष के खिलाड़ियों को मंच प्रदान कर रहा है, जिससे प्रदेश के हर क्षेत्र के मास्टर्स खिलाड़ियों को राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी प्रतिभा दिखाने का अवसर मिल सके। मास्टर्स एथलेटिक्स फेडरेशन ऑफ इंडिया “वर्ल्ड मास्टर्स एथलेटिक्स” (WMA) व एशियन मास्टर्स एथलेटिक्स (AMA) से मान्यता प्राप्त है व “अंतरराष्ट्रीय ओलंपिक काउंसिल” के नियमों  के बाध्य है तथा  “खेल की सर्वोच्च भावना” को बनाए रखने के लिए अपने अधिकारियों, एथलीटों और पदाधिकारियों की सहायता से उनका पालन करता है।  मास्टर्स एथलेटिक्स फेडरेशन ऑफ इंडिया, एंटी-नस्लवाद, एंटी-डोपिंग कार्यक्रम के प्रयासों के माध्यम से खेल की भावना और अखंडता की रक्षा करने में एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है, एंटी-डोपिंग अभियान हमारी जीवन शैली से डोपिंग / ड्रग्स को खत्म करने की दिशा में काम करता है और सभी एथलीटों और सहयोगियों के बीच स्वास्थ्य और दीर्घायु को बढ़ावा देने पर ध्यान केंद्रित करता है।

Nurturing Creativity – Keekli Charitable Trust, Shimla

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