लोक निर्माण एवं शहरी विकास मंत्री विक्रमादित्य सिंह ने शनिवार को शिमला ग्रामीण विधानसभा क्षेत्र के धामी स्थित मिनी सचिवालय में आयोजित जन शिकायत निवारण कार्यक्रम की अध्यक्षता की। इस दौरान विभिन्न पंचायतों और स्थानीय लोगों ने 67 समस्याएं एवं मांगें उनके समक्ष रखीं। संबंधित विभागों के अधिकारियों की मौजूदगी में 28 मामलों का मौके पर ही समाधान सुनिश्चित किया गया, जबकि शेष मामलों के शीघ्र निस्तारण के निर्देश दिए गए।
कार्यक्रम में हलोग-धामी, बठवाना-जाबरी, ओखरू, पीपलीधार, माइली-जेजवीं और घंडल पंचायतों के प्रतिनिधियों के अलावा महिला मंडलों, युवक मंडलों और स्थानीय लोगों ने भी क्षेत्र से जुड़ी समस्याएं उठाईं। मंत्री ने सभी मांगों का चरणबद्ध समाधान करने का भरोसा दिया।
विक्रमादित्य सिंह ने बताया कि धामी-हलोग उपमंडल की सभी पंचायतों के समग्र विकास के लिए प्रदेश सरकार ने करीब 51 करोड़ रुपये स्वीकृत किए हैं। यह राशि सड़क निर्माण, पेयजल व्यवस्था, कम वोल्टेज की समस्या के समाधान और अन्य विकास कार्यों पर खर्च की जाएगी। उन्होंने बताया कि विभिन्न पंचायतों में विधायक निधि और अन्य मदों से स्वीकृत राशि का एक हिस्सा अब भी खर्च नहीं हो पाया है। उन्होंने पंचायत प्रतिनिधियों से इन निधियों का शीघ्र उपयोग सुनिश्चित करने का आग्रह किया ताकि विकास कार्यों में तेजी लाई जा सके।
उन्होंने कहा कि पंचायतों द्वारा निर्मित कई सड़कें विभागीय गुणवत्ता मानकों पर खरी नहीं उतरतीं। इसे देखते हुए लोक निर्माण विभाग नई नीति तैयार कर रहा है, जिससे भविष्य में पंचायत स्तर पर बनने वाली सड़कें भी निर्धारित तकनीकी मानकों के अनुरूप हों।
मंत्री ने बताया कि विधायक प्राथमिकता के तहत कठाना सड़क का निर्माण लगभग 10 करोड़ रुपये की लागत से किया जाएगा। गलोग-नेहरा सड़क की डीपीआर अंतिम चरण में है, जबकि धामी-कांगनी संपर्क मार्ग का निर्माण प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत जारी है। इसके अलावा ओखरू-नेहरा और वैंश-बखरेल सड़क निर्माण के साथ बरसात से प्रभावित क्षेत्रों में आवश्यकता अनुसार क्रेट वॉल भी बनाई जाएगी।
पेयजल व्यवस्था को मजबूत करने के लिए घंडल पंचायत में लगभग 25 करोड़ रुपये की लागत से गलोग-घंडल उठाऊ पेयजल योजना की डीपीआर तैयार की जा रही है। उन्होंने लोगों से पेयजल समस्याओं की लिखित जानकारी विभाग को उपलब्ध कराने की अपील की, ताकि छूटी हुई बस्तियों को भी योजना से जोड़ा जा सके।
क्षेत्र में कम वोल्टेज की समस्या दूर करने के लिए बिजली व्यवस्था को सुदृढ़ किया जा रहा है। इसके तहत रिक्त जेई पद भरे जाएंगे, छोटे ट्रांसफार्मरों को अपग्रेड किया जाएगा, 63 केवी क्षमता के 51 ट्रांसफार्मर लगाए जाएंगे और 500 नए बिजली पोल स्थापित किए जाएंगे।
उन्होंने घोषणा की कि नागरिक अस्पताल धामी को आदर्श अस्पताल के रूप में विकसित किया जाएगा। साथ ही हर माह की 10 तारीख को आईजीएमसी शिमला के विशेषज्ञ चिकित्सक धामी में स्वास्थ्य शिविर लगाएंगे। हलोग-धामी की अस्थायी पुलिस चौकी को स्थायी बनाने का भी आश्वासन दिया गया।
युवाओं को बेहतर खेल सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए गयासी माता मंदिर, जगेड़ी और धामी में तीन खेल मैदान विकसित किए जा रहे हैं। इससे पहले मंत्री ने प्राथमिक पाठशाला खेल चौरा का निरीक्षण कर भवन की मरम्मत और नए भवन के लिए प्राक्कलन तैयार करने के निर्देश दिए।
विक्रमादित्य सिंह ने कहा कि शिमला ग्रामीण विधानसभा क्षेत्र को जल्द 30 नई बसें मिलेंगी। इन बसों को पुराने रूटों पर परिवहन व्यवस्था सुधारने के साथ-साथ नए मार्गों पर भी संचालित किया जाएगा, ताकि ग्रामीण क्षेत्रों में लोगों को बेहतर सार्वजनिक परिवहन सुविधा मिल सके।



