April 23, 2026

शिमला में आत्याधुनिक आईस स्केटिंग रिंक का निर्माण किया जाएगा

Date:

Share post:

शिमला में अत्याधुनिक तरीके से आईस स्केटिंग रिंक कम रोलर स्केटिंग रिंक बनाया जाएगा। आइस स्केटिंग रिंक शिमला में सैलानी और स्थानीय लोग अब सिर्फ सर्दियों में तीन माह ही नहीं, बल्कि पूरे साल भर स्केटिंग का लुत्फ उठा सकेंगे। इस कार्य के लिए टेंडर प्रक्रिया आरंभ हो चुकी है। 

यह जानकारी उपायुक्त अनुपम कश्यप ने शिमला आइस स्केटिंग क्लब के पदाधिकारियों के साथ आज यहाँ आयोजित विशेष बैठक के दौरान दी।

उपायुक्त अनुपम कश्यप ने कहा कि यह आल वेदर रिंक अत्याधुनिक तकनीक से बनकर तैयार होगा और इसमें बेहतर सुविधाएं मुहैया करवाई जाएंगी। उन्होंने क्लब के सदस्यों से आहवान किया कि रिंक में आईस हाॅकी के अलावा अन्य गतिविधियों को भी बढ़ावा देने के प्रयास करें। उन्होंने कहा कि आइस स्केटिंग रिंक पर्यटन की दृष्टि से भी काफी महत्वपूर्ण है। उन्होंने कहा कि क्लब के साथ आसपास पौधारोपण भी किया जाएगा।

एडीबी कर रही है वित्तीय सहायता
एशियाई विकास बैंक के माध्यम से 42 करोड़ रुपए की लागत से बनाने वाले प्रस्तावित रिंक और भवन निर्माण के लिए हिमाचल प्रदेश पर्यटन विभाग ने टेंडर आंमत्रित कर दिए है। 8 अगस्त 2024 टैंडर भरने की अंतिम तिथि है। इसके बाद टेंडर खोले जाएंगे और कार्य आरंभ होगा। कार्य को दो हिस्सों में बांटा गया है जिसमें एक सिविल कार्य दूसरा तकनीकी कार्य है।

यह सुविधाएं मिलेंगी नए रिंक में
एडीबी की वित्तीय सहायता से बनाए जाने वाले स्केटिंग रिंक में हर मौसम में बर्फ जमाने के लिए रेफ्रिजरेशन प्लांट भी स्थापित किया जाएगा ताकि साल भर आईस स्केटिंग की सुविधा प्रतिभागियों और पर्यटकों को मिल सके। इसमें चेंजिंग रूम, रिंक, रोलर रिंक, रेस्तरां, फायर अलार्मिंग सिस्टम, कांफ्रेंस हाॅल, सर्विलांस सिस्टम सहित अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप स्केटिंग सुविधा मुहैया करवाए जाने की योजना प्रस्तावित है।

बच्चों और युवाओं का रहता है सबसे ज्यादा रुझान
आइस स्केटिंग के लिए बच्चों और युवाओं का सबसे ज्यादा रुझान रहता है। शिमला में जनवरी माह में स्कूलों और कॉलेजों में छुट्टियां पड़ती हैं और अभिभावक अपने बच्चों को यहां स्केटिंग करवाने के लिए लेकर आते हैं। इसके साथ ही युवा भी बड़ी संख्या में यहां स्केटिंग का रोमांच लेने के लिए पहुंचते है। यहां आइस हॉकी का शौक रखने वाले खिलाड़ियों के लिए बेसिक ट्रेनिंग भी करवाई जाती है और विभिन्न प्रतियोगिताएं भी आयोजित की जाती हैं। यह देश का पहला ओपन एयर स्केटिंग रिंक है, जहां प्राकृतिक तौर पर बर्फ जमाई जाती है। इस नए रिंक से हिमाचल प्रदेश आईस हाॅकी के खिलाड़ियों को साल भर अभ्यास करने की सुविधा मिल सकेगी, जिससे खिलाड़ियों के खेल में काफी सुधार आएगा।

टेनिस कोर्ट से आईस स्केटिंग रिंक तक का सफर
1920 में रिंक का निर्माण ब्रिटिश मूल के ब्‍लेसिंगटन ने किया था। यहां पहले टेनिस कोर्ट हुआ करता था, लेकिन सर्दियों में बर्फ जमने के कारण इसमें स्केटिंग शुरू करवा दी गई। इस रिंक को बने हए 104 साल हो चुके है। तभी से सर्दियों की छुट्टी के दौरान बच्चे आइस स्केटिंग का मजा लेते हैं। शिमला का यह रिंक एशिया के सबसे पुराने ओपन एयर रिंक में से एक है। साल 1965 में यूगोस्लाविया देश के राष्ट्रपति मार्शल टीटो यहां आए थे। उस दौरान जब रिंक में आइस हॉकी की प्रतियोगिता हुई तो उन्होंने विजेताओं को मार्शल टीटो ट्रॉफी से सम्मानित किया था। इसके बाद से आज तक आइस हॉकी में इसी नाम से ट्रॉफी दी जाती है।

इस बैठक में आइस हॉकी क्लब शिमला के पदाधिकारी, क्लब के पूर्व सचिव भूपनेश बंगा, अध्यक्ष आइस हॉकी एसोसिएशन अभय डोगरा, क्लब के महासचिव मनप्रीत सिंह सेंधी, सदस्य रजत मल्होत्रा, रमनीत गोयल और पंकज प्रभाकर विशेष तौर पर मौजूद रहे।

Daily News Bulletin

Nurturing Creativity – Keekli Charitable Trust, Shimla

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Related articles

This Day in History

1970 First Earth Day observed: Millions of people across the United States took part in the inaugural Earth Day,...

Today, 22 April, 2026 : World Earth Day

World Earth Day is observed every year on April 22 to raise global awareness about environmental protection and...

हिमाचल : धातु अभिलेख, संदर्भ मण्डी – डॉ. कमल के. प्यासा

डॉ. कमल के. प्यासा - जीरकपुर, (मोहाली) मण्डी क्षेत्र से प्राप्त होने वाले धातु अभिलेखों में ताम्र पट्ट, धातु...

CM Sukhu targets irregularities in Himcare scheme

Allegations of irregularities in the Himcare health scheme have come under official scrutiny, with Himachal Pradesh Chief Minister...