देशभर में चल रहे वित्तीय समावेशन संतृप्ति अभियान 2025 के अंतर्गत आज मजठाई ग्राम पंचायत में एक विशेष वित्तीय जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया। वित्तीय सेवाएं विभाग और भारतीय रिजर्व बैंक के सहयोग से आयोजित इस कार्यक्रम में लगभग 60 से 70 ग्रामीणों ने भाग लिया। शिविर का उद्देश्य ग्रामीणों को बैंकिंग सेवाओं, सामाजिक सुरक्षा योजनाओं और Re-KYC की प्रक्रिया के प्रति जागरूक करना था।
कार्यक्रम में भारतीय रिजर्व बैंक के उपमहाप्रबंधक पितांबर अग्रवाल, पंजाब नेशनल बैंक के सहायक महाप्रबंधक संदीप अग्रवाल, शिमला के लीड डिस्ट्रिक्ट मैनेजर (LDM) कुलवंत राय तथा भारतीय रिजर्व बैंक के अधिकारी राहुल जोशी सहित विभिन्न बैंकों के प्रतिनिधि उपस्थित रहे।
पितांबर अग्रवाल ने उपस्थित लोगों को डिजिटल वित्तीय लेन-देन में सावधानी बरतने और साइबर धोखाधड़ी से बचने के उपायों के बारे में बताया। उन्होंने Re-KYC की अनिवार्यता और सामाजिक सुरक्षा योजनाओं की उपयोगिता पर विशेष बल दिया।
LDM कुलवंत राय ने प्रधानमंत्री जीवन ज्योति बीमा योजना (PMJJBY), प्रधानमंत्री सुरक्षा बीमा योजना (PMSBY) और अटल पेंशन योजना (APY) की विस्तृत जानकारी ग्रामीणों को दी। उन्होंने बताया कि ये योजनाएं सरकार की उस प्रतिबद्धता का हिस्सा हैं, जिसके तहत हर नागरिक तक बैंकिंग और सामाजिक सुरक्षा सुविधाएं पहुंचाना लक्ष्य है।
PNB के सहायक महाप्रबंधक संदीप अग्रवाल ने प्रधानमंत्री जन धन योजना (PMJDY) और Re-KYC प्रक्रिया को सरल भाषा में समझाया। शिविर में विभिन्न बैंकों द्वारा ऑन-स्पॉट Re-KYC और योजनाओं में पंजीकरण भी किया गया।
मजठाई पंचायत के प्रधान उत्तम सिंह कश्यप की सक्रिय भागीदारी से यह आयोजन सफल रहा। ग्रामीणों ने इस अभियान की सराहना करते हुए कहा कि इससे न केवल वित्तीय जानकारी बढ़ी है, बल्कि गांव में बैंकिंग सेवाओं की पहुंच भी आसान हुई है।
वित्तीय समावेशन संतृप्ति अभियान का उद्देश्य देश की प्रत्येक ग्राम पंचायत में कम से कम एक शिविर आयोजित कर आमजन को बैंकिंग सेवाएं, सामाजिक सुरक्षा योजनाएं, पेंशन योजनाएं, Re-KYC और डिजिटल सुरक्षा से संबंधित जानकारी उपलब्ध कराना है।
अंत में सभी अधिकारियों ने ग्रामीणों से अपील की कि वे अपने नजदीकी बैंक शाखा या बैंकिंग कॉरेस्पॉन्डेंट से संपर्क कर इन योजनाओं का लाभ उठाएं और देश की वित्तीय समावेशन की दिशा में अपनी सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करें।



