Tag: डॉ. कमल के . प्यासा

spot_imgspot_img

भक्ति और राष्ट्र चेतना: गणेश चतुर्थी की अनोखी गाथा

डॉ.  कमल के. प्यासा - मण्डी देव गणेश की सुंदर, गोल-मटोल, भोली-भाली व आकर्षक छवि सबको मोह लेती है। इन्हीं के मनमोहक रूप के अनुसार...

महान दार्शनिक : भगवान कृष्ण

डॉ.कमल के. प्यासा- मंडी भगवान विष्णु के 8वें अवतार भगवान कृष्ण जी का जन्म द्वापर युग में भाद्रपद मास के कृष्ण पक्ष की अष्टमी को,...

ज़हर बेचते मौत के सौदागर – डॉ. कमल के.प्यासा

डॉ. कमल के.प्यासा - जीरकपुर, मोहाली कितने उजड़े, कितने बिखरे, कितने बेमौत मरे नशे के चक्कर में! पर अभी भी ये नहीं शर्माते, सर-ए-आम ज़हर (नशा) बेचते मौत के सौदागर ये! होगी...

विडंबना रा अभिशाप – कविता

डॉ.कमल के.प्यासा- जीरकपुर, मोहाली राती रे घुप्प नैहारे मंझ, एक जियूंदी तड़पदी लाश... आपू अपणे ले डरी-डरी री, आपू-आपू ले सरमाई री, काम्बदी लगी तौंधिया मंझ! रौंदे-सिसकदे बालक, भितर ही भितर घुटदी...

तमाशा – कविता

डॉ.  कमल के.प्यासा - मण्डी पेट करवाता दंगल, नचवाता भालू-बंदर। ढोल पिटवा-पिटवा, दिखाता भांति-भांति के करतब, जिन्हें कहते "तमाशा" हैं! बीन बजा के, सांप दिखा के, "गीली-गीली" कह, फूल-पत्ते दिखा, कुछ...

कुणिन्द के सिक्के: हिमाचल की प्राचीन मुद्रा विरासत

डॉ. कमल के.प्यासा -  मण्डी कुनिंद उत्तरी भारत की एक प्रभावशाली कबायाली जनजाति बताई जाती है, जिसने दूसरी शताब्दी ई. पूर्व से तीसरी शताब्दी ई....

Sponsored

Daily News Bulletin

Nurturing Creativity – Keekli Charitable Trust, Shimla