April 22, 2026

मेरा भारत महान – रणजोध सिंह

Date:

Share post:

रणजोध सिंह – नालागढ़

गीता यहां, कुरान यहां

बाइबल और ग्रंथ साहिब भी

साथ-साथ यहाँ रहते हैं|

बेशक भिन्न वेश-भूषायें हैं,

बोलियां भी अपनी भिन्न है

फिर भी हर सुख-दुःख,

हम मिलजुल कर सहते हैं|

यूं ही नहीं !

मेरे देश को प्रेम की धरती कहते हैं|

 

सर्दी यहाँ, गर्मी यहाँ

बसंत यहाँ, शरद यहाँ

कभी रिमझिम मेघ बरसते हैं|

सागर यहाँ, पर्वत यहाँ

नदियाँ यहाँ, झरने यहाँ

लहके-दहके खेत, हर मौसम सोना उगलते हैं|

यूं ही नहीं !

मेरे देश को सोने की चिड़िया कहते हैं|

 

क्या चीन, क्या जापान

क्या इटली, क्या अमेरिका

सब भारत में सेध लगाते हैं|

योग यहाँ, अध्यात्म यहाँ

समस्त विश्व में भारतवासी

सबको गले लगाते हैं|

यूं ही नहीं !

मेरे देश को विश्व गुरु कहते हैं|

 

आक्रमण मेरे देश का

दस्तूर नहीं हरगिज

दुश्मन का हर नखरा

बड़े शोक से सहते हैं|

पर जब कोई अमन-शान्ति को,

कायरता समझने लगते हैं

जब ज़ेर-ओ-ज़बर के पानी,

सर से गुजरने लगते हैं|

फिर प्राणों की चिंता हम नहीं करते

दुश्मन से दुश्मन की भाषा में बातें करते हैं|

यूं ही नहीं !

मेरे देश को वीरों की धरती कहते हैं|

ग़ज़ल – रणजोध सिंह

Daily News Bulletin

Nurturing Creativity – Keekli Charitable Trust, Shimla

Related articles

29th Slater Memorial Debates Return to Shimla, Uniting India’s Finest Young Orators

The serene hills of Shimla are once again alive with intellectual fervour as Bishop Cotton School prepares to...

This Day In History

753 BC As per tradition, the city of Rome was founded by Romulus. 1526 In the First Battle of Panipat, Babur...

Today, 21 April, 2026 : Civil Services Day

Civil Services Day is observed every year on April 21 in India to recognize the vital role played...

शिमला के सभी न्यायालयों में लगेगी लोक अदालत

जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, शिमला द्वारा 9 मई 2026 को जिले के सभी न्यायालयों में राष्ट्रीय लोक अदालत...